दहेज हत्या के आरोप में चार को दस-दस वर्ष की सजा

दहेज हत्या के आरोप में चार को दस-दस वर्ष की सजा

एटा,दहेज ना मिलने पर विवाहिता की हत्या करने के मामले में दस वर्ष की सजा सुनाई गई। 32 हजार रुपये का अर्थदंड भी देना होगा।

डीजीसी क्राइम रेशपाल सिंह ने बताया कि राजवीर सिंह ने अपनी बेटी रीना की शादी संजीव कुमार निवासी धरपसी थाना मारहरा के साथ की थी। बेटी को उसके पति संजीव कुमार, सास रामबेटी, ननद रीना की ओर से प्रताड़ित किया जाता था। जेठ अजब सिंह अतिरिक्त दहेज में एक रंगीन टीवी, 50 हजार नकद और एक भैंस मांग रहे थे। जबकि पहले ही एक बाइक और नगदी दे दी थी। बेटी जब रक्षाबंधन पर अपने मायके आई तो उसने यह सारी बातें अपने पिता को बताई। यही मांग शिकायतकर्ता की बेटी के ससुराल वालों ने शिकायतकर्ता के सामने दोहराई और असमर्थता जताने पर उनकी बेटी के ससुराल वाले उनकी बेटी को अपने साथ ससुराल ले गए और उसकी 14 अगस्त 2009 को हत्या कर दी। उनकी बेटी के ससुर जसवन्त सिंह भी इसमें शामिल थे। जिला जज ने दोनों पक्षों की सुनवाई के बाद सजा सुनाई है।

सजा के साथ अर्थदंड भी

उदयवीर पुत्र भूरी निवासी कुंजलपुर थाना जलेसर ने अपनी बहन सावित्री की शादी राजकुमार उर्फ टिंकू निवासी सरुपा थाना राया जनपद मथुरा के साथ की थी। शादी के बाद ससुराल पक्ष के लोग प्रताड़ित करने लगे। आरोप है कि दस जुलाई 2017 को धारदार हथियार से हत्या कर दी गई। परिजनों की ओर से मुकदमा दर्ज कराया गया। पुलिस ने आरोपी पत्र दाखिल कर दिया। न्यायाधीश ने दोनों पक्षों की सुनवाई के बाद पति टिंकू सहित दो लोगों दस-दस वर्ष की सजा और 35-35 हजार रुपये के अर्थदंड की सजा सुनाई है।

About The Author

निशाकांत शर्मा (सहसंपादक)

यह खबर /लेख मेरे ( निशाकांत शर्मा ) द्वारा प्रकाशित किया गया है इस खबर के सम्बंधित किसी भी वाद - विवाद के लिए में खुद जिम्मेदार होंगा

Learn More →

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

अपडेट खबर के लिए इनेबल करें OK No thanks