महापंचायत में प्रशासन पर गरजे किसान, आंदोलन की चेतावनी
निधौलीकंला के औरनी रामनगर की 39.5 हैक्टेयर भूमि पर औद्योगिक आस्थाना बनाये जाने के निर्णय के विरोध में हुई महापंचायत, रिपोर्ट योगेश मुदगल

भारतीय किसान यूनियन टिकैत के तत्वावधान में हुई महापंचायत
एटा,शनिवार को निधौलीकंला विकासखंड क्षेत्र के औरनी रामनगर में किसान महापंचायत का आयोजन किया गया। इस दौरान औरनी रामनगर स्थित ग्रामसभा की भूमि पर सरकार द्वारा औद्योगिक आस्थाना स्थापित कराये जाने के निर्णय के विरोध समैत अन्य क्षेत्रीय समस्याओं को लेकर किसान नेताओं ने जमकर हुंकार भरी। उन्होने जिला प्रशासन को चेतावनी दी, कि मांगे नहीं मानी गईं, तो आंदोलन किया जायेगा। बाद में एसडीएम को डीएम के नाम मांगपत्र सौंपा गया।
मारहरा- पीएसी मार्ग के गांव औरनी रामनगर स्थित मैदान में भारतीय किसान यूनियन टिकैत के तत्वावधान में किसान महापंचायत का आयोजन किया गया। इस दौरान भाकियू के जिला महासचिव जयवीरसिंह ने बताया कि, औरनी रामनगर ग्राम पंचायत प्रधान एवं क्षेत्रीय लेखपाल की मिलीभगत से ग्रामसभा की 39.5 हैक्टेयर भूमि पर औद्योगिक आस्थाना स्थापित किये जाने का प्रस्ताव किसानों को डरा धमका कर गलत तरीके से पारित करा लिया गया है। जबकि इस भूमि पर सैकड़ों किसानों के मकान भी बने हैं और सैकड़ों किसान खेती भी कर रहे हैं। अब जिला प्रशासन द्वारा किसानों को भूमि खाली करने के लिए नोटिस दिये जा रहे हैं। उन्होने कहा, कि अगर यह भूमि किसानों से छीनी गई, तो वह बेघर हो जायेंगे। महापंचायत में कई किसानों ने शिकायत की कि, विद्युत विभाग द्वारा क्षेत्र के कई किसानों को बिजली के बिल थमाये जा रहे हैं। जबकि उनके घरों तक अभी बिजली पहुंची ही नहीं है। इसके अलावा ट्यूबैल आदि का लोड बढाने के नाम पर भी किसानों को परेशान किया जा रहा है।
पंचायत को सम्बोधित करते हुए भाकियू के प्रदेश अध्यक्ष राजपाल शर्मा ने कहा, कि औद्योगिक आस्थाना के नाम पर यदि किसानों के मकान और खेतों पर बुलडोजर चला, तो इसके अंजाम बहुत बुरे होंगे। प्रदेश ही नहीं, पूरे देश का किसान यहां इकठ्ठा होकर आंदोलन करने को बाध्य होगा। नया बांस प्रधान अनिल यादव ने कहा, कि औरनी के किसानों की भूमि को बचाने के लिए खून पसीना एक कर दिया जायेगा, लेकिन किसानों से जमीन छिनने नहीं देंगे। इस भूमि को प्रस्ताव बनाकर किसानों में आवंटित किया जाये।
किसान महापंचायत में किसानों से वार्ता करने पहुंचे एसडीएम डा0 प्रतीक त्रिपाठी ने किसानों को कहा, कि जिला प्रशासन किसानों की समस्याओं के प्रति संवेदनशील है। ग्राम पंचायत समिति की बैठक और प्रस्ताव बनाने में यदि कहीं चूक हुई है, तो इसकी पुनः जांच करायी जायेगी। शासकीयस्तर की मांगों को आगे बढाया जायेगा। उन्होने बताया, कि आबादी क्षेत्र में ग्रामसभा की भूमि पर बने मकानों को स्वामित्व योजना के अंतर्गत किसानों को घरौनी देने का प्रावधान है। वहीं बंजर भूमि पर सितम्बर 2012 से पूर्व बने मकानों को भी धारा 67ए के अंतर्गत किसान द्वारा साक्ष्य प्रस्तुत करने पर उन्हे नियमित करने का प्रावधान है। लेकिन भूमाफियाओं को सरकारी भूमि पर कब्जा हरगिज नहीं करने दिया जायेगा। वहीं विद्युत विभाग की शिकायतों के लिए मौके पर मौजूद एसडीओ आनंद शर्मा को जल्द निस्तारण के निर्देश भी एसडीएम ने दिये।
इस मौके पर भाकियू के राष्ट्रीय ओमपाल बालियान, मारहरा के पूर्व विधायक अमित गौरव यादव टीटू, प्रदेश उपाध्यक्ष मलिखानसिंह, प्रदेश प्रवक्ता गजेन्द्र परिहार, विमल तोमर, जयवीरसिंह यादव, ओमप्रकाश, रामभरोसे राजपूत, उम्मेद अली, रामेश्वरसिंह, महीपालसिंह पथरिया, सत्यदेव पाठक, रधुराजसिंह, भंवरसिंह, राजेन्द्रसिंह, अवधेश यादव, रामौतार यादव आदि समैत सैकड़ों की संख्या में किसान मौजूद रहे।
वहीं सुरक्षा की दृष्टि से सीओ सदर सुनील कुमार त्यागी, एसडीएम डा0 प्रतीक त्रिपाठी, नायब तहसीलदार साश्वत अग्रवाल, मारहरा एसओ सत्यपालसिंह, निधौली इंस्पैक्टर अवधेश कुमार, एलआईयू प्रभारी अजय त्रिपाठी, कौशलकिशोर शर्मा एंव दीपक कुमार के अलावा भारी संख्या में पुलिसबल मौजूद रहा।
