
एटा, । जिले के दो फीडरों के किसानों को अब सोलरों से बिजली मिलेगी। इसके लिए तैयारियां शुरू कर दी गई है। एक फीडर पर एक दिन में एक मेगावाट बिजली का उत्पादन कर ग्रिड को दी जाएगी। दोनों फीडरों पर जमीन देखी जा रही है। जमीन चयनित होते ही सोलर लगाने का काम शुरू कर दिया जाएगा।
प्रधानमंत्री किसान ऊर्जा सुरक्षा एवं उत्थान महायोजना के तहत प्रदेश में प्रथम चरण में 150 मेगावाट क्षमता के लिए उत्तर प्रदेश पावर कारपोरेशन लिमिटेड की ओर से पृथक कृषि फीडर्स का सोलरइजेशन कराया जाएगा। प्रदेश भर में 98 सब स्टेशन पर एक से दो मेगावाट क्षमता के सोलर पावर प्लांट की स्थापना की जाएगी। एटा में दो फीडरों का चयर शासन की ओर से किया गया है। इसमें बिजली घर मलावन के फीडर आसपुर तथा जलेसर के बिजली घर रेजुआ को चुना गया है। इन दोनों फीडरों पर एक-एक मेगावाट बिजली का उत्पादन इस क्षेत्र के किसानों को बिजली दी जाएगी। एक मेगावाट बिजली उत्पादन के लिए सोलर प्लेट लगाने के लिए चार एकड़ जमीन की जरुरत होगी। जमीन उपलब्ध कराने के लिए संबंधित विभाग को पत्र लिखा गया है। किसानों को निर्बाध आपूर्ति दिन में सिंचाई के लिए इससे मिल सकेगी। जो बिजली बचेगी वह पॉवर ग्रिड को दे दी जाएगी।
दो बिजली फीडरों पर एक-एक मेगावाट बिजली का उत्पादन किया जाएगा। किसानों को बिजली दी जाएगी।
देवेंद्र सिंह, जेई नेडा
● किसानों को सिंचाई के लिए दी जाएगी सोलर से बिजली
● एक मेगावाट बिजली का होगा एक फीडर के लिए उत्पादन