
मेडिकल कॉलेज में सुबह से दोपहर तक भीड़ पहुंच रही है
एटा, । बरसात के बाद पनपी बीमारियों ने अस्तपालों में भीड़ बढ़ा दी है। मेडिकल कॉलेज में सुबह से दोपहर तक भीड़ पहुंच रही है। सबसे अधिक परेशानी दवा लेने वाली विंडों पर है। दवा लेने के लिए एक घंटे से पहले नंबर नहीं आ रहा है। मंगलवार को लोगों में धक्का-मुक्की हो गई। महिलाएं और बच्चे परेशान दिखे।
मेडिकल कॉलेज की नेत्र रोग विभागाध्यक्ष डॉ. अंजू ने बताया कि मंगलवार को ओपीडी में करीब 350 मरीज आए। इनमें से 300 मरीज आई फ्लू के रहे। यह बीमारी तेजी से बढ़ रही है। सर्दी-बुखार के साथ आई फ्लू के मरीजों की संख्या में एकदम से वृद्धि हो रही है। जांच और डॉक्टर को दिखाने के बाद सबसे अधिक परेशानी दवा लेने के लिए हो रही है। दवा के लिए महिला और पुरूषों की दो लाइनें लग रही हैं। इसके बाद भी दवा लेने के लिए धक्का-मुक्की तक हो रही है। ओपीडी में मौजूद बाल रोग चिकित्सक डॉ. वैभव गुप्ता ने बताया कि 20 से 25 बच्चे आई फ्लू के ओपीडी में आए। इनको उपचार देने के साथ ही घर में सुरक्षित रहने की सलाह दी गई। उन्होंने कहा कि ओपीडी में आए बच्चे के अभिभावकों को फ्लू से बचाव की जानकारी दी गई है।
एसएनसीयू में पीलिया ग्रसित नवजात शिशु भर्ती एमसीएच विंग स्थित एनएनसीयू प्रभारी डॉ. अंशुल गुप्ता ने बताया कि वार्ड में पीलिया ग्रसित चार-पांच नवजात शिशु प्रतिदिन आ रहे हैं। यह शिशु मौसम की वजह से सुबह धूप न मिलने से पीलिया ग्रसित हो रहे हैं। ऐसे बच्चों को वार्ड में रखकर फोटोथैरेपी से उपचार दिया जा रहा है। प्रभारी ने बताया कि मंगलवार को वार्ड में 12 नवजात शिशु भर्ती है। इनमें से चार-पांच पीलिया ग्रसित हैं।
बाल रोग ओपीडी में रोजाना आ रहे चार-पांच पीलिया रोगी एमसीएच विंग स्थित बाल रोग चिकित्सक डॉ. वैभव गुप्ता ने बताया कि ओपीडी में चार-पांच मरीज पीलिया के भी आ रहे हैं। बरसात के मौसम में गंदगी और जंक फूड का सेवन करने से बच्चे पीलिया के शिकार हो रहे हैं। ओपीडी में आने वाले पीलिया ग्रसित बच्चों को वार्ड में भर्ती कर उपचार दिया जाता है।