*पूर्वांचल एक्सप्रेस-वे पर वायुसेना ने कराया ताकत का एहसास, रिपोर्ट योगेश मुदगल

सुलतानपुर। भारतीय वायुसेना ने शनिवार को पूर्वांचल एक्सप्रेस-वे पर अपनी ताकत का एहसास कराया। दुश्मनों का दिल दहलाने वाले वायुसेना के लड़ाकू विमानों की गर्जना दूर दूर तक सुनाई दी। पूर्वांचल एक्सप्रेस वे पर अरवल कीरी करवत गांव के पास साढ़े तीन किलोमीटर की हवाईपट्टी बनी है। यहां आपातकालीन लैंडिंग फैसिलिटी के लिए वायुसेना और प्रदेश सरकार के बीच तालमेल है। लड़ाकू विमानों ने इसी के तहत यहां पर पूर्वाभ्यास किया। शुक्रवार को भी यहां लड़ाकू विमान गरजे थे। मगर, वह 500 फीट ऊपर से ही हवाई पट्टी की निगरानी कर वापस हो गए थे।
शनिवार को पूर्वाह्नन 10.30 बजे लड़ाकू विमानों के गो और टच पूर्वाभ्यास को देखने के लिए कानून व्यवस्था और सुरक्षा की दृष्टि से पुलिस व प्रशासन के दृष्टि से मोर्चा संभाल लिया था। वायुसेना के अधिकारी अपने-अपने मोर्चो पर डट गए। पूर्वाह्न 11.15 बजे पहला मिराज विमान हवाई पट्टी के ऊपर से गरजते हुए गुजरा तो लोगों में उत्साह और उमंग का संचार होते दिखा। उसके थोड़ी देर बाद पश्चिम की दिशा से मिराज हवाई पट्टी को छूकर गुजरा तो फिर लोगों में उत्साह का संचार हुआ।
इसके बाद एक के बाद एक विमान करीब दो घंटे तक टच और गो करके गुजरे। इसमें चार मिराज, एक जगुवार और एक मालवाहक विमान एएन 32 शामिल रहा। वायु सेना के ग्रुप कैप्टन डी नौटियाल ने बताया कि आज के पूर्वाभ्यास में मिराज विमान ने ग्वालियर, जगुवार ने कानपुर और एनए 32 ने आगरा एयरवेज से उड़ान भरे। वहां से सुलतानपुर हवाई पट्टी पर पहुंचे थे। कमांड हेडक्वार्टर प्रयागराज को बनाया गया था। भारतीय वायु सेना के अधिकारियों ने पूर्वांचल एक्सप्रेस-वे हवाई पट्टी के पांच किलोमीटर के क्षेत्र को 11 जून से ही अपने कब्जे में लिया था।