*खुलासा ग्राम पंचायत में मुर्दे भी कर रहे मनरेगा की मजदूरी, रिपोर्ट योगेश मुदगल

एटा,मिरहची, । ब्लॉक मारहरा में सामने आया है कि पंचायत सचिव की मिलीभगत से मनरेगा मजदूरी के नाम पर सरकारी रकम हड़पने का काला खेल चल रहा है। दो वर्ष से मृतक लगातार मनरेगा में मजदूरी तो कर ही रहा है। साथ ही खाते से रकम की निकासी भी कर रहा है।
ब्लॉक मारहरा की ग्राम पंचायत मोहम्मपुर ततारपुर में मनरेगा में कार्य करने वाले महाराज सिंह पुत्र होडिल सिंह निवासी बुढैना का बीमारी से 27 जुलाई 2021 में निधन हो गया था, जिसका परिजनों ने मृत्यु प्रमाण पत्र भी जारी करा लिया। पंचायत में कराए जा रहे विकास कार्य के दस्तावेजों में मृतक आज भी मजदूरी कर रहा है। वर्ष 2022 में तीन बार मस्टरोल में हाजिरी भी विभागीय पोर्टल पर दर्ज कर पैसा मृतक के खाते में भेजा गया है। मामले की जानकारी होने पर कर्मियों में हड़कंप मच गया है।
मृत्यु के बाद भी चालू है खाता मिरहची। बैंको के अनुसार मृतक के खाते में बची रकम को वारिस को देने का प्रावधान है। खाता संचालित होना संभव नहीं है। उसके बाद भी खाते में मृतक को मजूदरी करते दिखाकर रकम भेजी जा रही है। जबकि खाते से रकम बराबर निकाली जा रही है।
सूबेदार पुत्र होडिल सिंह, महाराज सिंह पुत्र होडिल दोनों के एक ही जॉब कार्ड में नाम दर्ज हैं। जॉब कार्ड पूर्व में बना हुआ है। एक की मृत्यु हो चुकी है। दूसरे के नाम से पैसा निकाल रहा है। इसलिए यह कहना गलत है कि मृतक महाराज सिंह के नाम से पैसा निकाल रहा है।
-केपी सिंह, सचिव पंचायत, मुहम्मदपुर ततारपुर (एटा)
मामले की जानकारी नहीं है। जांच कराई जाएगी। अगर ऐसा पाया जाता है तब संबधित के खिलाफ कार्रवाई अमल में लायी जायेगी।
-प्रभुदयाल, डीसी मनरेगा/प्रभारी खंड विकास अधिकारी, मारहरा (एटा)