*गेमिंग ऐप के जरिए करा रहे थे धर्म परिवर्तन, रिपोर्ट योगेश मुदगल

गाजियाबाद, वरिष्ठ संवाददाता। गेमिंग ऐप के जरिए नाबालिगों का धर्म परिवर्तन कराने वाले गिरोह का पर्दाफाश करते हुए पुलिस ने एक धर्मगुरु को गिरफ्तार किया है। वह नाबालिगों को विशेष धार्मिक ग्रंथ पढ़ने के लिए उकसाता था। अब तक वह एनसीआर के चार नाबालिग लड़कों का धर्म परिवर्तन करा चुका है। अंदेशा है कि गिरोह ने देशभर के हजारों नाबालिगों का धर्म परिवर्तन कराया है। इसके अलावा गिरोह यूरोप में भी धर्मांतरण में संलिप्त रहा है।
पुलिस के अनुसार, यह गिरोह फर्जी नाम से आईडी बनाकर गेमिंग ऐप के जरिए नाबालिगों को फंसाता था और उसके बाद गेम में हारने के बाद उन्हें धार्मिक ग्रंथ का कुछ हिस्सा पढ़ने को भेजता था, जिसे पढ़ने के बाद नाबालिग गेम जीत जाते थे। हर बार यही प्रक्रिया अपनाई जाती थी। उसके बाद उन्हें अपने समुदाय की खूबियां बताकर उससे जुड़े वीडियो सुनाया जाता था। राजनगर निवासी उद्योगपति ने 30 मई को कविनगर थाने में अपने नाबालिग और इकलौते बेटे का धर्म परिवर्तन कराने का केस दर्ज कराया था।
बद्दो कर रहा था ब्रेनवॉश
जांच में सामने आया कि संजयनगर स्थित धर्मस्थान के धर्मगुरु अब्दुल रहमान उर्फ नन्नी और मुंबई निवासी बद्दो गिरोह के सदस्य हैं। बलिया निवासी अब्दुल रहमान 30 साल से गाजियाबाद में रह रहा है। उसने गाजियाबाद के दो, फरीदाबाद और चंडीगढ़ के एक-एक नाबालिग का धर्म परिवर्तन कराने की पुष्टि की।
व्हाट्सऐप चैट से सुबूत
सरगना बद्दो की गिरफ्तारी के लिए गाजियाबाद पुलिस मुंबई में दबिश दे रही है। गिरोह की जड़ तक पहुंचने के लिए सुरक्षा एजेंसियां भी सक्रिय हो गई हैं। डीसीपी सिटी निपुण अग्रवाल ने बताया कि अब्दुल रहमान के व्हाट्सऐप चैट से सुबूत मिले हैं कि वह नाबालिगों को विशेष धर्म को अपनाने के लिए उकसाता था।