* क्षेत्र में स्थापित हेल्थ एंड वेलनेंस सेंटरों से अधिकांश बंद रहते, रिपोर्ट योगेशब्लॉक मुदगल

एटा, । ग्रामीण क्षेत्र में स्वास्थ्य सेवाएं जन-जन तक पहुंचाने के लिए हेल्थ एंड वेलनेंस सेंटर स्थापित किए गए हैं। इनमें से आधे से अधिक पर तो ताला लटका रहता है। सेंटर पर कार्यरत सीएचओ मनमाने ढंग से कार्य कर रहे हैं, जिस कारण ग्रामीण क्षेत्र में मिलने वाली स्वास्थ्य सेवाएं लोगों तक नहीं पहुंच रहीं।
ब्लॉक शीतलपुर क्षेत्र के गांव नगला जगरूप में स्थित हेल्थ एंड वेल्थ वेलनेंस केंद्र 12 बजे बंद मिला। गुरुवार को भी सेंटर बंद था। कुछ लोगों ने बताया कि सेंटर संचालिका कहीं गई हैं। ऐसा ही हाल ब्लॉक जैथरा क्षेत्र के हेल्थ एंड वेलनेंस सेंटरों का है। गांव पवांस स्थित हेल्थ एंड वेलनेस सेंटर पर भी शनिवार को सुबह से ताला लटका है। यहां पर न सीएचओ मिले और न ही कोई मरीज मौजूद मिले। पास-पड़ोस में मौजूद लोगों ने बताया कि कभी-कभी सुबह एक-आधा घंटें को ही खुलता है। ऐसा ही हाल जिले के ब्लॉक सकीट, अलीगंज, सकीट, मारहरा, निधौलीकलां, अवागढ़ और जलेसर के हेल्थ एंड वेलनेंस सेंटरों का है। ब्लॉक क्षेत्र में स्थापित हेल्थ एंड वेलनेंस सेंटरों से अधिकांश बंद रहते हैं।
203 स्वीकृत में से 188 पर सीएचओ की तैनाती एटा। डीसीपीएम जुबैर अली ने बताया कि जनपद में शासन से 203 हेल्थ एंड वेलनेंस सेंटर स्वीकृत हैं। इनमें से 188 पर सीएचओ कार्य कर रहे हैं। उन्होंने बताया कि हेल्थ एंड वेलनेंस सेंटर पर 16 तरह की जांच की जा रही है, जिसमें सामान्य जांच के साथ-साथ गंभीर बीमारियों की जांच भी शामिल है। गर्भवती महिलाओं की प्रसव पूर्व एवं प्रसवोंपरांत की जांच भी होती है।
आठ ब्लॉकों में पूरी तरह से सक्रिय नहीं सेंटर एटा। पीएचसी जैथरा एमओआईसी राहुल चतुर्वेदी ने बताया कि क्षेत्र में 30 हेल्थ एंड वेलनेंस सेंटर है। उसमें से 20 पर सीएचओ की तैनाती है। फिर भी 10 से 12 सेंटर ही सक्रिय हैं। जहां पर मरीजों की जांच एवं उपचार किया जा रहा है। सीएचसी चुरथरा के एमओआईसी डा. बृजेश कुमार ने बताया कि क्षेत्र में 19 सेंटर हैं। जिन पर सीएचओ की तैनाती है। जलेसर सीएचसी एमओआईसी डा. पवन शर्मा ने बताया कि उनके यहां 19 सेंटर है और सभी सक्रिय हैं। पीएचसी अलीगंज के एमओआईसी डा. रंजीत वर्मा ने भी ब्लॉक क्षेत्र के सभी हेल्थ एंड वेलनेंस सेंटर संचालित होने की जानकारी दी है।
शनिवार को स्वास्थ्य केंद्रों पर नियमित टीकाकरण दिवस का आयोजन होता है। हेल्थ एंड वेलनेस सेंटर सीएचओ भी इस दौरान गांव में जाते है। फिर भी यदि हेल्थ एंड वेलनेस सेंटर बंद मिले है। उनकी जानकारी करायी जाएगी। लापरवाही मिलने पर कार्रवाई की जाएगी।
डॉ उमेश कुमार त्रिपाठी, सीएमओ, एटा