तहसील में कोर्ट नहीं चलाने से अधिवक्तागण खफा रोज हो रहा है तू तू मैं मैं

प्रयागराज/ मेजा तहसील पर विचाराधीन मुकदमों की सुनवाई नहीं होने के चलते अधिवक्तागण खफा.वही तहसीलदार मेजा विशाल शर्मा का कहना है कि, वकील लोग अगर हल्ला ना मचाए तो कोर्ट रोज चल सकता है.वकील ही नहीं चाहते हैं कि,कोर्ट चले. बरहाल बात जिसकी भी सही है वह अपने जगह मगर सही फैसला की उम्मीद पर हजारों लोग रोज तहसील के चक्कर काट रहे हैं.कोराव से मेजा भाड़ा किराया खर्चा करके अपने तारीख पर पैरवी के लिए आ रहे हैं चाहेतू पाल का कहना है कि, मेरे जमीनी विवाद के केस में हाईकोर्ट के डायरेक्शन लगा हुआ है जिसके बाद भी तहसीलदार के कोर्ट पर कोई सुनवाई नहीं हो रही है,फरियाद भी सुनाओ तो किसको? मेजा निवासी विनय सिंह का कहना है कि, पिछले 4 साल से रोज तहसील का चक्कर काट रहा हूं. आला अधिकारी इस और ध्यान ही नहीं दे रहे हैं जिसके चलते कोर्ट नहीं चल रहा है. नाही भारत के प्रधानमंत्री और उत्तर प्रदेश के मुखिया योगी जी तक बात पहुंच पा रही है इसका फायदा तहसील के अधिकारी ले रहे हैं. एस.डी.एम. डी.एम. को चाहिए कि, तहसीलदारों को सख्त हिदायत दे ताकि तहसील पर नियमित रूप से कोट चले जिससे जनता की सुनवाई जल्द से जल्द हो सके. गौरतलब हो कि, प्रयागराज जिले में कुल आठ तहसील है जिसमें से मेजा,फूलपुर, कोराव,करछना सहित बाकी तहसीलों का भी बुरा हाल है. तहसीलों पर कोर्ट नहीं चलने से जनता के चेहरे पर मायूसी साफ देखी जा रही है.