
आगरा, भारतीय जन नाट्य संघ आगरा द्वारा स्व शैलेन्द्र रघुवंशी स्मृति में आयोजित थियेटर वर्कशौप के सुंदर समापन समारोह में गोवर्धन होटल आगरा में श्री दिलीप रघुवंशी जी के आमंत्रण पर सम्मिलित हुए । कार्यक्रम में मुख्य वक्ता/अतिथि श्री श्रीभगवान शर्मा जी रहे , विशिष्ट अतिथि श्री सोमठाकुर जी , श्रीमती शशि तिवारी जी सहित अनेक गण्यमान्य नाट्य कर्मी , नागरिकों ने कार्यक्रम में भाग्य लिया ।
स्व राजेन्द्र रघुवंशी जी के सुप्रसिद्ध नाटक जेल का पंछी का मंचन मनमोहक रहा ।
इसीलिये नगर नगर बदनाम हो गये मेरे आंसू
मैं उनका हो गया कि जिनका कोई पहरेदार नहीं है !!!!!!!!!!!!!!!!!!!!!!!!!!
सुंदर गीत की सामूहिक प्रस्तुति प्रभावी रही ।
श्री अरशाद खान द्वारा ढाई आखर प्रेम का गाना की अदायगी बहुत अच्छी रही । श्री अवधबिहारी ट्रस्ट द्वारा दिये जाने वाला शैलेन्द्र रघुवंशी स्मृति सम्मान श्री अरशाद खान को श्रीमती शशि तिवारी जी द्वारा दिया गया ।
नाट्य विधा भारतीय साहित्य की प्राचीनतम विधा है । इस सुंदर परम्परा को आगे बढ़ाने का कार्य आगरा का प्रतिष्ठित रघुवंशी परिवार पूर्ण समर्पण निष्ठा से कर रहा है । स्वर्गीय श्री राजेन्द्र
रघुवंशी जी ने 1970 में भारतीय जन नाट्य संघ की स्थापना की थी उनके पुत्र स्व जितेन्द्र रघुवंशी जी शैलेन्द्र रघुवंशी ने इसे आगे बढ़ाया और अब उनके तृतीय पुत्र श्री दिलीप रघुवंशी जी
और पुत्री श्रीमती ज्योत्स्ना रघुवंशी जी अपनी निष्ठा समर्पण परिश्रम से अपने पिता द्वारा लगाते वृक्ष को पुष्पित पल्लवित कर रहे हैं ।।
कार्यक्रम का समापन भी दृढ़ मन के संकल्प गीत से हुआ ———–
नाटक चलता रहेगा !!!!!!!!!!!!!!!!!!!!!
सुंदर कार्यक्रम , संकल्पित दशा दिशा के लिये श्री दिलीप रघुवंशी जी उनके
परिवार , भारतीय जन नाट्य संघ आगरा के सदस्य सहयोगी नाट्य कर्मियों को बहुत बहुत बधाई ।।