
जानलेवा हमले के तीन दोषियों को पांच-पांच साल की सजा
एटा – युवक को गोली मारकर घायल करने के मामले में तीन दोषियों को पांच-पांच साल की सजा सुनाई। साथ ही 15-15 हजार के अर्थदंड से दंडित किया। अर्थदंड अदा न करने पर अतिरिक्त समय जेल में बिताना होगा।
थाना सकीट के गांव बहलोलपुर निवासी दफेदार सिंह ने 10 मार्च 2010 को रिपोर्ट दर्ज कराई थी, जिसमें बताया कि वह भाई मनोज कुमार शाम को दूध लेने के लिए गांव सउआपुर साइकिल से जा रहे थे। रास्ते में किसी ने कॉल कर धमकी भी दी थी। दूध लेने के लिए गांव सउआपुर पहुंचे थे। आरोपी अनिल उर्फ घनश्याम पुत्र सूरतराम, भाई भवानी शंकर, अजय उर्फ ग्रीश पुत्र सूरतराम यादव निवासी सउआपुर सकीट ने गाली-गलौज की। विरोध पर अजय ने भाई मनोज को गोली मार दी थी। पुलिस ने रिपोर्ट दर्ज कर मामले की चार्जशीट कोर्ट में दायर की थी। शासन की तरफ से सहायक जिला शासकीय अधिवक्ता सर्वेश कुमार, नीलिमा चौहान ने पैरवी की और सबूत पेश किए। दोनों पक्ष के अधिवक्ताओं की दलीले सुनने के बाद अपर जिला जज कक्ष संख्या एक नरेन्द्र कुमार सिंह तीनों आरोपियों को दोषी माना। अजय उर्फ ग्रीश, अनिल उर्फ घनश्याम, भवानी शंकर को पांच-पांच साल की सजा सुनाई है साथ ही 15-15हजार के अर्थदंड से दंडित भी किया है।